: वनमंत्री एवं सांसद ने ली जिला खनिज न्यास निधि की बैठक
Tue, May 6, 2025
तेन सिंह ठाकुर
वनमंत्री एवं सांसद ने ली जिला खनिज न्यास निधि की बैठक
जनप्रतिनिधियांे के द्वारा जिले में विभिन्न निर्माण एवं विकास कार्यों की मांग की गई नारायणपुर, 05 मई 2025// संसदीय कार्य, वन एवं जलवायु परिवर्तन, जल संसाधन, कौशल विकास एवं सहकारिता मंत्री श्री केदार कश्यप एवं बस्तर सांसद श्री महेश कश्यप द्वारा जिला कार्यालय के सभाकक्ष में जिला खनिज न्यास निधि की बैठक ली गई। बैठक में वित्तीय वर्ष 2025-26 की कार्ययोजना में महत्वपूर्ण कार्यों को अनुमोदन किया गया, जिसमें विरांगना रमोतिन महिला कॉलेज में वैकल्पिक व्यवस्था हेतु 50 लाख रूपये की स्वीकृति किया गया। इसी प्रकार प्राथमिक विद्यालय, माध्यमिक शाला एवं आश्रम के विद्यार्थियों को नाश्ता की राशि 2.50 करोड़, प्राथमिक स्तर पर रिक्त पदों के विरूद्ध अतिथि शिक्षकों का मानदेश राशि 03 करोड़, जिले में संचालित ग्रंथालयों में मानदेय एवं अति आवश्यक व्यवस्था हेतु 03 करोड़, जिले में विद्युत विहीन स्कूल आश्रम शाला एवं आंगनबाड़ी केन्द्रों में विद्युतीकरण कार्य हेतु 01 करोड़, जिले में भवन विहीन स्कूलों, आंगनबाड़ी केन्द्रों और आश्रमों नवीन भवन निर्माण एवं उन्नयन कार्य हेतु 03 करोड़, जेईई नीट हेतु परियना कोचिंग सेंटर एजुकेशन हब गरांजी में 02 करोड़, विशेष आवश्यकता वाले दिव्यांग आवासीय विद्यालय परियना का संचालन हेतु 1.50 करोड़, जिले में संचालित स्कूल एवं आंगनबाड़ी निर्माण हेतु 02 करोड़, चिकित्सा विशेषज्ञ एवं पैरामेडिकल नॉन पैरामेडिकल स्टाप हेतु मानदेय राशि 03 करोड़, स्वास्थ्य अधोसंरचना हेतु 02 करोड़, प्री बर्थ वेटिंग रूम एवं मोटर बाईक एम्बुलेंस का संचालन हेतु 50 लाख रूपये और प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र छोटेडोंगर में 10 बिस्तरीय पोषण पुर्नवास केन्द्र का संचालन हेतु 25 लाख रूपये अनुमोदित किया गया। बैठक में जनप्रतिनिधियों के द्वारा स्कूल, सड़क, पुल पुलिया पेयजल जैसे मूलभूत सुविधा उपलब्ध कराने की मांग की गई। मंत्री एवं सांसद द्वारा उनकी मांगों को निराकरण करने का भरोसा दिलाया।बैठक में जिला पंचायत अध्यक्ष नारायण मरकाम, नगर पालिका के अध्यक्ष इंद्र प्रसाद बघेल, जिला पंचायत उपाध्यक्ष प्रताप सिंह मण्डावी, सर्व आदिवासी समाज के संरक्षक रूपसाय सलाम, बृजमोहन देवांगन गौतम एस गोलछा, कलेक्टर प्रतिष्ठा ममगाईं, जिला पंचायत सीईओ आकांक्षा शिक्षा खलखो, डीएफओ ससिगानंदन के, अपर कलेक्टर बीरेन्द्र बहादुर पंचभाई, एसडीएम गौतमचंद पाटिल, अभयजीत मण्डावी जिला पंचायत और जनपद पंचायत के सदस्य और नगर पालिका परिषद के पार्षदगण सहित जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित थे।प्रधान संपादकतेन सिंह ठाकुर6264046084
: सुकमा जिले में तेन्दूपत्ता प्रोत्साहन राशि वितरण में अनियमितता
Sun, May 4, 2025
तेन सिंह ठाकुरसुकमा जिले में तेन्दूपत्ता प्रोत्साहन राशि वितरण में अनियमितता *वनमंडलाधिकारी निलंबित, एसीबी जांच में गिरफ्तारी* *11 समितियों पर कार्रवाई* रायपुर 04 मई 2025/तेन्दूपत्ता संग्राहकों को दी जाने वाली प्रोत्साहन पारिश्रमिक राशि के वितरण में गंभीर अनियमितता पाए जाने पर शासन द्वारा सुकमा जिले में कड़ी कार्रवाई की गयी है। जिला वनमंडलाधिकारी सुकमा को निलंबित कर दिया गया है। एंटी करप्शन ब्यूरो द्वारा उनके विरुद्ध आपराधिक प्रकरण दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया है। साथ ही वितरण कार्य में लापरवाही बरतने वाली 11 प्राथमिक वनोपज समितियों के प्रबंधकों को कार्य से पृथक कर दिया गया है तथा उन समितियों के संचालक मंडलों को भंग कर दिया गया है। संबंधित नोडल अधिकारियों के विरुद्ध अनुशासनात्मक कार्रवाई प्रारंभ की जा चुकी है। जिला यूनियन सुकमा अंतर्गत सीजन वर्ष 2021 के लिए 31,356 संग्राहकों को 4.53 करोड़ तथा वर्ष 2022 के लिए 18,918 संग्राहकों को 3.32 करोड़ रुपये प्रोत्साहन पारिश्रमिक का भुगतान किया जाना था। इनमें से वर्ष 2021 के 10,131 संग्राहकों को 1.38 करोड़ तथा वर्ष 2022 के 5,739 संग्राहकों को 74 लाख रुपये की राशि सीधे उनके बैंक खातों में अंतरित की गई। शेष संग्राहकों के बैंक खाते उपलब्ध न होने की स्थिति में, कलेक्टर सुकमा की अनुशंसा पर शासन ने नगद भुगतान की अनुमति दी थी। इसके लिए राशि जिला यूनियन को हस्तांतरित की गई थी। कुछ समितियों द्वारा नगद भुगतान किया गया, किन्तु 11 समितियों जिसमें सुकमा, फूलबगड़ी, दुब्बाटोटा, जगरगुण्डा, मिचीगुड़ा, बोड़केल, कोंटा, जग्गावरम, गोलापल्ली, किस्टाराम एवं पालाचलमा शामिल है उनमें प्रोत्साहन राशि का वितरण नहीं किया गया।इन समितियों में प्रोत्साहन राशि प्राप्त नहीं करने वाले संग्राहकों की वास्तविक संख्या का परीक्षण किया जा रहा है। स्थिति स्पष्ट होते ही पात्र संग्राहकों को भुगतान सुनिश्चित करते हुए दोषियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी।प्रधान संपादकतेन सिंह ठाकुर6264046084
: दंतेवाड़ा जिले में सुशासन तिहार पर 37,363 मिले आवेदन,* *33 हजार 362 आवेदनों का हुआ निराकरण*
Sun, May 4, 2025
रचना ठाकुर की रिपोर्ट...
*दंतेवाड़ा जिले में सुशासन तिहार पर 37,363 मिले आवेदन,**33 हजार 362 आवेदनों का हुआ निराकरण**तृतीय चरण अंतर्गत 5 मई से शुरू होगा समाधान शिविर, जिले में तैयारी पूरी**कलेक्टर श्री दुदावत ने प्रेस वार्ता में साझा की जानकारी*दंतेवाड़ा, 04 मई 2025। ‘‘राज्य शासन द्वारा प्रदेश व्यापी सुशासन तिहार 2025 अंतर्गत प्रथम चरण में जिले से अब तक 37,363 आवेदन प्राप्त हुए है। इन आवेदनों का गुणवत्तापूर्ण निराकरण किया जा रहा है‘‘। संयुक्त जिला कार्यालय के सभागार में आयोजित आज प्रेसवार्ता के दौरान कलेक्टर श्री कुणाल दुदावत ने मीडिया प्रतिनिधियों को इस तथ्य से अवगत कराया उन्होंने इस संबंध में आगे कहा कि जैसा कि आप सभी जानते हैं, छत्तीसगढ़ सरकार राज्य में सुशासन की स्थापना को लेकर लगातार प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है। शासन-प्रशासन के हर स्तर पर यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि शासकीय कार्यों में पारदर्शिता आए, योजनाओं और कार्यक्रमों का प्रभावी क्रियान्वयन हो, और इनका लाभ उन जरूरतमंद वर्गों तक समयबद्ध ढंग से पहुंचे, जिनके लिए ये योजनाएं बनाई गई हैं। इसी कड़ी में, मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की मंशा के अनुरूप राज्य में ‘‘सुशासन तिहार‘‘-2025 का आयोजन किया जा रहा है। इस तिहार का उद्देश्य आम जनता की समस्याओं का समयबद्ध समाधान, शासकीय योजनाओं की समीक्षा और निगरानी, विकास कार्यों में तेजी लाना, और जनता, जनप्रतिनिधियों व सामाजिक संगठनों के साथ सीधा संवाद स्थापित करना है। सुशासन तिहार-2025 का आयोजन तीन चरणों में किया जा रहा है। पहला चरण 08 अप्रैल से 11 अप्रैल तक आयोजित हुआ। जिसमें आम जनता से उनकी समस्याओं और मांगों से संबंधित आवेदन प्राप्त किए गए हैं। ये आवेदन समाधान पेटी, शिविर और ऑनलाईन पोर्टल के माध्यम से लिए गए हैं। आवेदन प्राप्त करने के लिए समाधान पेटी की व्यवस्था जिला और विकासखंड मुख्यालय स्तर पर की गई थी। इसके अलावा इस अवधि के दौरान हाट बाजारों में भी आवेदनों का संग्रह किया गया है।कलेक्टर श्री दुदावत ने कहा कि दंतेवाड़ा जिले में कुल 37,363 आवेदन प्राप्त हुए हैं, जिनमें से कुल 33,362 आवेदनों को निराकरण किया जा चुका है। जिसमें शिकायतों की संख्या 671 है जिनमें से 594 प्राप्त शिकायतों का निराकरण किया जा चुका है तथा मांग के कुल 36,692 आवेदनों में से 32,768 आवेदनों का निराकरण किया जा चुका है। दूसरे चरण में इन प्राप्त आवेदनों को स्कैन कर सॉफ्टवेयर में अपलोड कर संबंधित विभाग, जनपद और नगरीय निकाय के अधिकारियों को ऑनलाइन व भौतिक रूप से भेजकर उनके गुणवत्तापूर्ण निराकरण की कार्रवाई की जा रही है। मांग से संबंधित आवेदनों को बजट की उपलब्धता के आधार पर निराकृत किया जा रहा है। काफी मांगें प्रधानमंत्री आवास योजना व उज्जवला योजना से सम्बन्धित हैं, जिनके बारे में राज्य सरकार भारत सरकार से अतिरिक्त लक्ष्य के लिए आग्रह कर रही है। इन योजनाओं में लक्ष्य प्राप्त होने पर आवेदकों की मांगें पात्रतानुसार निराकरण हो जायेगी। आवेदनों के निराकरण की गुणवत्ता की समीक्षा जिला और राज्य स्तर पर की जा रही है। तीसरे एवं अंतिम चरण की शुरुआत 05 मई से हो रही है, जो 30 मई तक चलेगा। इस दौरान जिले के 08 से 15 ग्राम पंचायतों के बीच एक समाधान शिविर का आयोजन किया जाएगा। नगरीय निकायों में भी शिविर लगाए जाएंगे। जिले में कुल 23 ग्रामीण क्षेत्र में, 31 शहरी क्षेत्र में (कुल 54) समाधान शिविर आयोजित किए जाएंगे, शिविरों की तारीख स्थानवार पोर्टल पर उपलब्ध कराई गई है।इसके अलावा इन शिविरों में आवेदकों को उनके आवेदनों पर की गई विभागीय अधिकारियों द्वारा की गई कार्यवाही की जानकारी दी जाएगी। शिविरों में नए आवेदन भी लिए जाएंगे, और जिन मामलों का समाधान वहीं संभव होगा, उनका मौके पर ही निराकरण किया जाएगा। शिविरों में विभिन्न विभागों से सम्बन्धित जानकारी प्रदर्शित की जाएगी, जैसेः- समाज कल्याण विभाग, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी, खाद्य विभाग, कृषि विभाग, स्वास्थ्य विभाग, पंचायत विभाग, कौशल विकास एवं रोजगार, वन एवं जलवायु, आधार, शिक्षा विभाग, श्रम विभाग, महिला एवं बाल विकास विभाग, पशुपालन विभाग आदि। विभागीय अधिकारी समाधान शिविरों में विभागों द्वारा संचालित जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी देंगे साथ ही हितग्राही मूलक योजनाओं के आवेदन पत्र, प्रपत्र भी उपलब्ध कराएंगे। समाधान शिविरों में विकासखंड एवं अनुभाग स्तर के सभी अधिकारी उपस्थित रहेंगे, साथ ही इन षिविरों में जिला स्तर से भी कुछ अधिकारी उपस्थित रहेंगे। इसी तरह की व्यवस्था नगरीय निकायों के शिविरों मे भी रहेगी। तीसरे चरण के दौरान माननीय मुख्यमंत्री, उप मुख्यमंत्रीगण, मंत्रीगण, मुख्य सचिव, प्रभारी सचिव और अन्य वरिष्ठ अधिकारी कुछ समाधान शिविरों में शामिल होंगे और आम जनता से सीधा संवाद करेंगे। माननीय मुख्यमंत्री के इन प्रवास के दौरान विकास कार्यों और योजनाओं का औचक निरीक्षण भी किया जायेगा और योजनाओं के जमीनी लाभ के बारे में फीडबैक भी वे लेंगे और मुख्यालय पर अधिकारियों के साथ उनकी समीक्षा बैठक भी होगी। जिसमें शिविरों में प्राप्त आवेदनों के निराकरण की स्थिति, विभिन्न योजनाओं की प्रगति और आगामी कार्ययोजना पर चर्चा की जाएगी। इसके साथ ही कलेक्टर ने सभी मीडिया प्रतिनिधियों से आग्रह किया कि वे समाधान शिविरों के प्रचार-प्रसार में सहभागिता देवें, ताकि ज्यादा से ज्यादा लोगों को इसका लाभ मिल सके। इस प्रेसवार्ता के अवसर पर जिला पंचायत सीईओ श्री जयंत नाहटा, अपर कलेक्टर श्री राजेश पात्रे सहित मीडिया प्रतिनिधि उपस्थित थे।जिला ब्यूरो प्रमुख दंतेवाड़ारचना ठाकुर7000297169