रचना ठाकुर कि रिपोर्ट...*जिला दक्षिण बस्तर दन्तेवाड़ा*
🔷️ *‘‘पूना मारगेमः पुनर्वास से पुनर्जीवन’’- बदलाव की एक सशक्त पहल*🔷️ *लोन वर्राटू (घर वापस आईये) अभियान* 🔷 *बस्तर संभाग में चलाये जा रहे आत्मसमर्पण तथा पुनर्वास-पूना मारगेम (पुनर्वास से पुनर्जीवन) अभियान तथा दन्तेवाड़ा जिले में चलाये जा रहे लोन वर्राटू (घर वापस आईये) अभियान से प्रभावित होकर कुल 25 लाख 50 हजार के 13 ईनामी माओवादियों सहित 21 माओवादियों ने किया आत्मसमर्पण*🔷 *आत्मसमर्पित माओवादी केये उर्फ केशा लेकाम (08 लाख रूपये ईनाम) वर्ष 2025 में ग्राम परसबेड़ा के जंगल में हुये पुलिस-नक्सली मुठभेड़ में था शामिल।*🔷 *आत्मसमर्पित महिला माओवादी सोमे उर्फ जमली कुहड़ाम (01 लाख रूपये ईनाम) वर्ष 2023-24 में पीड़िया एवं वर्ष 2025 में ग्राम तोड़का के जंगल में हुये पुलिस-नक्सली मुठभेड़ में थी शामिल।*🔷 *आत्मसमर्पित महिला माओवादी कुमारी हिड़मे उर्फ विज्जो ओयाम (01 लाख रूपये ईनाम) वर्ष 2025 में ग्राम कोरचोली के जंगल में हुये पुलिस-नक्सली मुठभेड़ में थी शामिल।*🔷 *अन्य आत्मसर्पित माओवादी अपने-अपने क्षेत्र में नक्सली बंद सप्ताह के दौरान रोड खोदना, पेड़ काटना, नक्सली बैनर, पोस्टर एवं पाम्प्लेट लगाने जैसी घटनाओं में शामिल रहे।* 🟣जिला दन्तेवाड़ा में पुलिस महानिरीक्षक बस्तर रेंज श्री सुन्दरराज पी0 (भा.पु.से.), पुलिस उप महानिरीक्षक दन्तेवाड़ा रेंज श्री कमलोचन कश्यप (भा.पु.से.), पुलिस उप महानिरीक्षक (परि0) सीआरपीएफ दन्तेवाड़ा रेंज श्री राकेश चौधरी, पुलिस अधीक्षक दन्तेवाड़ा श्री गौरव राय (भा.पु.से.), अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री उदित पुष्कर (भा.पु.से.) एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक दन्तेवाड़ा श्री रामकुमार बर्मन (रा.पु.से.) के मार्गदर्शन में चलाये जा रहे नक्सल उन्मूलन लोन वर्राटू (घर वापस आईये) अभियान तथा छ0ग0 शासन की ‘‘पूना मारगेम’’ (पुनर्वास से पुनर्जीवन) के तहत जिला पुलिस बल और सीआरपीएफ के द्वारा भटके हुए माओवादियों को समाज की मुख्यधारा में जोड़ने के लिए लगातार संपर्क एवं संवाद कर शासन की नक्सल पुनर्वास नीति का व्यापक प्रचार-प्रसार गाँव गाँव तक किया जा रहा है, इसके प्रभाव में लगातार शीर्ष माओवादियों सहित भटके हुए माओवादियों द्वारा आत्मसमर्पण किया जा रहा है। नक्सलियों के अमानवीय, आधारहीन विचारधारा एवं उनके शोषण, अत्याचार तथा स्थानीय आदिवासियों पर होने वाले हिंसा, माओवादी संगठनों के भीतर आंतरिक मदभेद और जंगलो में रहने की कठिनाईयों सेे तंग आकर नक्सलवाद की ओर भटके युवा अब समाज के मुख्यधारा में जुड़ने का संकल्प करके 13 ईनामी माओवादी सहित 21 माओवादियों ने आत्मसमर्पण की इच्छा जाहिर करते हुये लोन वर्राटू (घर वापस आईये) अभियान के तहत आज दिनांक 20.08.2025 को लोकतांत्रिक व्यवस्था में अपना विश्वास जाहिर करते हुए समाज की मुख्यधारा में जुड़ने के लिए ईच्छा जाहिर की जिसका स्वागत करते हुए इन्हें उप महानिरीक्षक दन्तेवाड़ा रेंज श्री कमलोचन कश्यप (भा.पु.से.), पुलिस उप महानिरीक्षक (परि0) सीआरपीएफ दन्तेवाड़ा रेंज श्री राकेश चौधरी, पुलिस अधीक्षक दन्तेवाड़ा श्री गौरव राय (भा.पु.से.), कमांडेंट 111वीं वाहिनी सीआरपीएफ श्री गोपाल यादव, कमाण्डेट 230वी वाहिनी सीआरपीएफ श्री अनिल कुमार प्रसाद, कमाण्डेट 231वी वाहिनी सीआरपीएफ श्री सुनील भवर, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री उदित पुष्कर (भा.पु.से.), द्वितीय कमाण्ड अधिकारी श्री अरूण कुमार 111वी वाहिनी सीआरपीएफ, द्वितीय कमाण्ड अधिकारी श्री अश्वनी परमार 230वी वाहिनी सीआरपीएफ, द्वितीय कमाण्ड अधिकारी श्री सौरभ राय 231वी वाहिनी सीआरपीएफ, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक दन्तेवाड़ा श्री रामकुमार बर्मन (रा.पु.से.) एवं श्री विमल कुमार उप कमाण्डेड (आसूचना) रेंज दन्तेवाड़ा के समक्ष पुलिस अधीक्षक कार्यालय दन्तेवाड़ा में आत्मसमर्पण किये। 🔷उक्त माओवादियों को आत्मसमर्पण कराने में डीआरजी/बस्तर फाईटर्स, विशेष आसूचना शाखा दन्तेवाड़ा, आरएफटी (आसूचना शाखा दन्तेवाड़ा), 111वीं वाहिनी सीआरपीएफ, 230वीं वाहिनी सीआरपीएफ एवं 231वीं वाहिनी सीआरपीएफ का विशेष योगदान रहा। 🔷आत्मसमर्पित माओवादियों को पुनर्वास नीति के तहत् 50 हजार रूपये की सहायता राषि के साथ छत्तीसगढ़ शासन द्वारा मिलने वाली अन्य सुविधायें जैसे स्किल डेवलपमेंट हेतू प्रशिक्षण, कृषि भूमि इत्यादि मुहैया कराई जाएगी।🔽 *आज दिनांक 20 अगस्त 2025 को आत्मसमर्पण करने वाले 21 माओवादी कैडरों की सूची*1. केये उर्फ केशा लेकाम (24 वर्ष) कम्पनी नम्बर 01 सदस्य, निवासी निवासी मोड़ोनार थाना ओरछा जिला नारायणपुर। (08 लाख रूपये ईनाम )2. कुमारी मंगली कोवासी (35 वर्ष) प्लाटून नम्बर 24 सदस्य, निवासी कोड़ोपाल पेद्दापारा थाना कटेकल्याण जिला दन्तेवाड़ा। (02 लाख रूपये ईनाम )3. बुधराम कोवासी (20 वर्ष) प्लाटून नम्बर 09 सदस्य, निवासी गोण्डेबट्टूम गोण्डेपारा थाना उसूर जिला बीजापुर। (02 लाख रूपये ईनाम )4. सन्नू कुंजाम (33 वर्ष) कुटरेम आरपीसी डीएकेएमएस अध्यक्ष, निवासी पोर्रोककाड़ी स्कूलपारा थाना अरनपुर जिला दन्तेवाड़ा। (02 लाख रूपये ईनाम)5. देवे मड़काम (32 वर्ष) नीलावाया आरपीसी डीएकेएमएस अध्यक्ष, निवासी नीलावाया मिलकानपारा थाना अरनपुर जिला दन्तेवाड़ा। (02 लाख रूपये ईनाम)6. छोटू उर्फ बुधराम बेरता (35 वर्ष) पीड़ियाकोट आरपीसी मिलिशिया कमाण्डर, निवासी पीड़ियाकोट थाना ओरछा जिला नारायणपुर। (02 लाख रूपये ईनाम)7. भीमसन हेमला (40 वर्ष) दोरगुड़ा आरपीसी मिलिशिया कमाण्डर, निवासी पेदापाल गायतापारा थाा मिरतुर जिला बीजापुर। (02 लाख रूपये ईनाम)8. सोमे उर्फ जमली कुहड़ाम (19 वर्ष) दरभा डिवीजन कम्युनिकेशन टीम सदस्य, निवासी चांदामेट्टा मुरियामीपारा थाना दरभा जिला बस्तर। (01 लाख रूपये ईनाम)9. लक्ष्मण उर्फ राजू कर्मा (31 वर्ष ) इन्द्रावती एरिया कमेटी टेलर टीम सदस्य, निवासी रेकावाया आमापारा थाना ओरछा जिला नारायणपुर। (01 लाख रूपये ईनाम)10. कुमारी कमली मिड़ियाम (30 वर्ष) माटवाड़ा एलओएस सदस्य, निवासी गुमियापाल बण्डीपारा थाना किरन्दुल जिला दन्तेवाड़ा। (01 लाख रूपये ईनाम)11. कुमारी हिड़मे उर्फ विज्जो ओयाम (25 वर्ष) गंगालूर एलओएस सदस्य, निवासी आउटपल्ली थाना बासागुड़ा जिला बीजापुर। (01 लाख रूपये ईनाम)12. मंगडू उर्फ विनोद लेकाम (25 वर्ष) परतापुर एरिया कमेटी पार्टी सदस्य/सीसी राजू दादा का गार्ड, निवासी मोड़ोनार थाना ओरछा जिला नारायणपुर। (01 लाख रूपये ईनाम)13. कुमारी पोज्जे मड़काम (26 वर्ष) नीलावाया आरपीसी सीएनएम सदस्य, निवासी नीलावाया मिलकानपारा थाना अरनपुर जिला दन्तेवाड़ा। (50 हजार रूपये ईनाम)14. देवा मण्डावी (35 वर्ष) नीलावाया आरपीसी मिलिशिया सेक्षन कमाण्डर, निवासी नीलावाया मल्लापारा थाना अरनपुर।15. मनीराम पोड़ियाम (29 वर्ष) रेखावाया आरपीसी मिलिशिया सदस्य, निवासी रेखावाया आमापारा थाना ओरछा जिला नारायणपुर।16. हिड़मा कुहड़ाम (45 वर्ष) रेखावाया आरपीसी कृषि शाखा सदस्य, निवासी रेखावाया पड़कोपारा थाना ओरछा जिला नारायणपुर।17. सुकड़ा उर्फ मोतीलाल कुहड़ाम (40 वर्ष) रेखावाया आरपीसी डाॅक्टर टीम कमाण्डर, निवासी रेखावाया पड़कोपारा थाना ओरछा जिला नारायणपुर।18. श्रीमती सुशिला कड़ती (27 वर्ष) बेचापाल आरपीसी मिलिशिया सदस्य, निवासी बेचापाल गाण्डूकलपारा थाना मिरतुर जिला बीजापुर।19. श्रीमती कमली कड़ती (36 वर्ष) बेचापाल आरपीसी केएएमएस सदस्य, निवासी बेचापाल देवापारा थाना मिरतुर जिला बीजापुर।20. सुधरू भोगाम (40 वर्ष) दोरगुड़ा आरपीसी मिलिशिया सदस्य, निवासी पेदापाल स्कूलपारा थाना मिरतुर जिला बीजापुर।21. बैसू राम जुर्री (45 वर्ष) पल्लेवाया आरपीसी जनताना सरकार सदस्य/पंच कमेटी अध्यक्ष, निवासी करकावाड़ा थाना बांगापाल जिला बीजापुर। 🔶 *पूना मारगेमः पुनर्वास से पुनर्जीवन* बस्तर रेंज के माओवादी प्रभावित जिलों में शांति स्थापना, पुनर्वास और सामाजिक पुनस्र्थापना की दिशा में चलाए जा रहे ‘‘पूना मारगेम’’ अभियान के अंतर्गत आज दिनांक 20 अगस्त 2025 को जिला दंतेवाड़ा में कुल 21 माओवादी कैडरों ने आत्मसमर्पण किया है। इनमें कई कैडर वर्षों से माओवादी संगठन में सक्रिय थे और अब संगठन की जन विरोधी, हिंसक और दिशाहीन विचारधारा से मोह भंग के कारण उन्होंने समाज की मुख्यधारा से जुड़ने का निर्णय लिया है।🔶 *‘‘लोन वर्राटू’’*‘‘लोन वर्राटू’’ (गोंडी भाषा में घर लौटो) दंतेवाड़ा पुलिस द्वारा प्रारंभ किया गया एक जन-जागरूकता एवं विश्वास -स्थापना अभियान है, जिसके माध्यम से माओवाद प्रभावित ग्रामीणों और कैडरों को मुख्यधारा में लौटने हेतु प्रेरित किया जा रहा है। यह अभियान अब तक 1000 से अधिक आत्मसमर्पणों का साक्षी बन चुका है। पूना मारगेम उसी सोच को विस्तार देने वाला कदम है, जिसमें आत्मसमर्पण करने वालों को सम्मान, पुनर्वास और भविष्य निर्माण के ठोस अवसर दिए जा रहे हैं।🔶 *सरकार की पुनर्वास नीति 2025 के अंतर्गत लाभ*आत्मसमर्पित माओवादियों को निम्नलिखित लाभ प्रदान किए जा रहे हैं▪️कौशल विकास प्रशिक्षण▪️ स्वरोजगार व आजीविका संवर्धन▪️मनोवैज्ञानिक परामर्श एवं सामाजिक पुनःस्थापना▪️सुरक्षा और सम्मानजनक पुनर्वासयह पहल आत्मसमर्पित माओवादियों को आत्मनिर्भर, सम्मानजनक और सुरक्षित जीवन प्रदान करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। यह अभियान बस्तर रेंज के सभी सात जिलों सुकमा, दंतेवाड़ा, बीजापुर, नारायणपुर, कोंडागांव, बस्तर और कांकेर में चरणबद्ध तरीके से लागू किया जा रहा है।🟩उल्लेखनीय है कि भारत सरकार और छत्तीसगढ़ राज्य सरकार की आत्मसमर्पण एवं पुनर्वास नीति से प्रेरित होकर, पिछले 18 महीनों में दंतेवाड़ा जिला में 99 ईनामी माओवादी सहित कुल 390 से अधिक माओवादियों ने हिंसा का मार्ग छोड़कर सामाजिक मुख्यधारा को अपनाया है। माओवादियों की वरिष्ठ नेतृत्व से लेकर आधार क्षेत्र के सक्रिय कैडर तक बड़ी संख्या म माओवादी संगठन से अलग हो चुके हैं।🟩लोन वर्राटू अभियान के तहत अब तक 267 ईनामी माओवादियों सहित कुल 1042 माओवादियों ने किया आत्मसमर्पण जिसमें जिला दन्तेवाड़ा के साथ-साथ सीमावर्ती जिलों बस्तर, बीजापुर एवं नारायणपुर के 837 पुरूष माओवादी तथा 205 महिला माओवादी शामिल है।🟩माओवादियों से मुख्यधारा में लौटने की अपील‘‘पूना मारगेम’’ और ‘‘लोनवर्राटू’’ यह संदेश देते हैं कि हर किसी को लौटने का अवसर है। दन्तेवाड़ा पुलिस तथा जिला प्रशासन शांति एवं विकास के दोहरे लक्ष्य के लिए प्रतिबद्ध है तथा माओवादियों को संवाद, अवसर और संवेदना के माध्यम से समाज में लौटने का मार्ग देता रहेगा। माओवादियों से यह अपील की गई है कि वे हिंसा का मार्ग त्यागें और समाज की मुख्यधारा से जुड़ें। अपने परिवार, समाज औरराष्ट्र के प्रति अपने दायित्वों को समझें और शांति, सद्भाव एवं पुनर्वास का मार्ग अपनाएं।हिंसा का मार्ग छोड़िए, शांति, पुनर्वास और सम्मान की राह अपनाइए :अपने परिवार और बस्तर के लिए।जिला ब्यूरो प्रमुख दंतेवाड़ारचना ठाकुर7000297169