Sun 21 Jun 2026

ब्रेकिंग

अवैध शराब कारोबार पर कांकेर पुलिस का 69 आबकारी प्रकरणों में जप्त 465 लीटर अवैध शराब का कांकेर पुलिस ने किया नष्टीकरण

कोंडागांव जिले में अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर जिला स्तरीय सामूहिक योगाभ्यास कार्यक्रम का आयोजन

अबूझमाड़ क्षेत्र में 12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर आईटीबीपी की विभिन्न सीओबी में योग कार्यक्रम आयोजित

अवैध धर्मांतरण के विरोध में सर्व समाज द्वारा एक दिवसीय धरना,प्रदर्शन ।राज्यपाल और मुख्यमंत्री के नाम सौंपा ज्ञापन

जिला नारायणपुर में गौ सेवा आह्वान अभियान की बैठक हुई संपन्न*

तेन सिंह ठाकुर की रिपोर्ट : माओवादियों के कोर एरिया कर्रेगुट्टा हिल्स में स्थापित सुरक्षा कैम्प में जवानों ने फहराया तिरंगा ।

माओवादियों के कोर एरिया कर्रेगुट्टा हिल्स में स्थापित सुरक्षा कैम्प में जवानों ने फहराया तिरंगा ।

लोकतंत्र की वापसी का उत्सव, राष्ट्रीय पर्व गणतंत्र दिवस-2026 के अवसर पर अंदरूनी क्षेत्रों में शान से लहराया तिरंगा7 वें गणतंत्र दिवस के अवसर पर जिला बीजापुर के नवीन सुरक्षा कैम्पों में सुरक्षा बल, जनप्रतिनिधि, ग्रामीणों एवं स्कूली बच्चों ने मिलकर किया ध्वजारोहण ।नवीन स्थापित सुरक्षा कैम्प में स्कूली बच्चें एवं ग्रामीणों ने निकाली प्रभात फेरी, लगाये वंदे मातम एवं जय हिंद के नारे !जिन इलाकों में कभी लाल आतंक का साया था वहां सुरक्षा के साये में शांति पूर्ण ढंग से ग्रामीणों ने सुरक्षा बालों के साथ मिलकर किया ध्वजारोहण ।दशकों तक चली नक्सल हिंसा के अंधकार के बाद अब शांति, विश्वास और लोकतंत्र का उजाला स्पष्ट रूप से दिखाई देने लगा है। लंबे समय तक माओवादी उग्रवाद से प्रभावित रहे बीजापुर जिले के वे गांव, जहां अब तक राष्ट्रीय पर्व मनाना भी संभव नहीं था, वहां इस वर्ष 26 जनवरी 2026 को पहली बार गणतंत्र दिवस का आयोजन किया गया। यह अवसर क्षेत्र के इतिहास में लोकतांत्रिक पुनर्स्थापना का साक्षी बना।केंद्र एवं राज्य सरकार की समन्वित रणनीति, सुरक्षाबलों की निरंतर एवं प्रभावी कार्रवाई तथा स्थानीय ग्रामीणों के सक्रिय सहयोग से जिले के हालात तेजी से सामान्य हो रहे हैं। नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में 15 अगस्त 2025 के बाद 31 नए सुरक्षा कैंपों की स्थापना की गई है, जिससे इन दुर्गम गांवों में सुरक्षा एवं प्रशासन की सशक्त उपस्थिति सुनिश्चित हुई है।इन प्रयासों के परिणामस्वरूप इस वर्ष 31 नए ऐसे गांव जुड़े, जहां ग्रामीणों एवं स्कूली बच्चों ने सुरक्षा बलों के साथ मिलकर गणतंत्र दिवस का राष्ट्रीय पर्व उत्साहपूर्वक मनाया । यह परिवर्तन उन दूरस्थ अंचलों में एक ऐतिहासिक बदलाव का प्रतीक है, जहां कभी नक्सली हिंसा के कारण सामान्य जनजीवन और लोकतांत्रिक गतिविधियां बाधित रहती थीं। सुरक्षा कैंपों की स्थापना से न केवल कानून-व्यवस्था सुदृढ़ हुई है, बल्कि जनजीवन भी सामान्य हुआ है। इन कैंपों ने विकास कार्यों का मार्ग प्रशस्त किया है, जिससे शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क, संचार एवं बैंकिंग जैसी मूलभूत सुविधाएं अब धीरे-धीरे ग्रामीणों तक पहुंच रही हैं।सुरक्षा बलों और प्रशासन की सतत मौजूदगी से स्थानीय नागरिकों में सुरक्षा की भावना मजबूत हुई है। जिन क्षेत्रों में पहले राष्ट्रीय पर्व मनाने पर प्रतिबंध था, वहां आज ग्रामीण स्वयं उत्साह के साथ तिरंगा फहराने एवं सांस्कृतिक कार्यक्रमों में भाग लेने के लिए आगे आ रहे हैं। यह बदलाव क्षेत्र को माओवाद के भय से बाहर निकालने की दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है। गयणतंत्र दिवस 2026 पर जिले के ऐसे सुदूर गांव, जहां कभी झंडा फहराने पर प्रतिबंध था, आज वहां सुरक्षा बलों के साथ ग्रामीणों, स्कूली बच्चों एवं जनप्रतिनिधियों ने पहली बार तिरंगा फहराया। सभी ने मिलकर इस राष्ट्रीय पर्व को उत्सव के रूप में मनाया । यह आयोजन एकजुटता, शांति, लोकतंत्र और विकास की विजय का सशक्त संदेश लेकर आया।

प्रधान संपादक

तेन सिंह ठाकुर

Tags :

विज्ञापन

विज्ञापन

जरूरी खबरें

विज्ञापन