: अंश कालिक योग शिक्षक आवेदन आमंत्रित हेतु
Thu, Nov 28, 2024
*जिले के 08 पीएमश्री स्कूलों में अंशकालिक योगा प्रशिक्षक के चयन हेतु 02 दिसंबर तक आवेदन आमंत्रित* जगदलपुर 28 नवम्बर 2024/ प्रबन्ध संचालक समग्र शिक्षा राज्य परियोजना कार्यालय रायपुर के निर्देशानुसार बस्तर जिले में स्वीकृत 08 पीएमश्री स्कूलों में अंशकालिक योगा प्रशिक्षक के चयन के लिए योग्य अभ्यर्थियों से 02 दिसंबर 2024 तक कार्यालय जिला शिक्षा अधिकारी सह जिला परियोजना अधिकारी समग्र शिक्षा हाता ग्राउण्ड के समीप जगदलपुर (छत्तीसगढ़) में आमंत्रित किया गया है। आवेदन पत्र साधरण डाक, कुरियर, पंजीकृत डाक अथवा स्पीड पोस्ट के माध्यम से या स्वयं उपस्थित होकर जमा किया जा सकता है। इस बारे में विस्तृत जानकारी का अवलोकन जिले की आधिकारिक वेबसाइट https:// bastar.gov.in पर किया जा सकता है।
: समर्थन मूल्य पर धान उपार्जउपार्जन से किसानों को हो रही सहूलियत
Thu, Nov 28, 2024
तेन सिंह ठाकुर की रिपोर्ट जगदलपुरसमर्थन मूल्य पर धान बेचकर महादेव और मनदेव ने कहा फसल ऋण जमा करने सहित घरेलू कार्य में करेंगे उपयोग* जगदलपुर 28 नवम्बर 2024/ धान छत्तीसगढ़ की प्रमुख फसल है, जिससे अन्नदाता किसान स्वयं के भरण-पोषण सहित अन्य जरूरतों को पूरा करते हैं। किसानों को उनकी मेहनत का सही मूल्य दिलाने के लिए सरकार हर साल न्यूनतम समर्थन मूल्य तय करती है। जो किसानों को उनकी लागत से अधिक लाभ देने के उद्देश्य से तय किया जाता है। सरकार द्वारा न्यूनतम समर्थन मूल्य पर धान की खरीद ने किसानों को न केवल आर्थिक स्थिरता प्रदान की है, बल्कि उनकी आय में भी सुधार किया है। राज्य सरकार की समर्थन मूल्य पर धान उपार्जन नीति से किसानों को वाजिब दाम के साथ ही उन्नत खेती-किसानी के लिए प्रोत्साहन मिल रहा है। जगदलपुर ब्लॉक के गरावंड खुर्द निवासी किसान महादेव बघेल और तुरेनार निवासी कृषक मनदेव अपनी खरीफ धान को बेचकर जहां खरीफ फसल ऋण को अदा करेंगे। वहीं घर की जरूरी कार्यों के लिए उपयोग करने की बात कही। उक्त दोनों कृषकों ने रबी फसल सीजन में मक्का और साग-सब्जी की खेती कर आय संवृद्धि करने का संकल्प दुहराया। इन दोनों किसानों ने सरकार की धान खरीदी व्यवस्था की सराहना करते हुए शीघ्र भुगतान के लिए राज्य सरकार को धन्यवाद दिया। *ऋण चुकाने में मदद* समर्थन मूल्य पर मिलने वाली राशि से किसान अपने कृषि ऋण को समय पर अदा करते हैं, जिससे उन्हें ब्याज के बोझ से राहत मिलती है। इस बारे में जगदलपुर विकासखण्ड के गरावंड खुर्द निवासी किसान महादेव बघेल बताते हैं कि लगभग तीन एकड़ कृषि भूमि में धान की उन्नत खेती से अच्छी पैदावार मिली है। अभी 56 क्विंटल धान बेचकर खरीफ फसल ऋण को चुकाने के साथ ही घरेलू कार्य के लिए उपयोग करेंगे। वहीं रबी फसल के लिए फिर फसल ऋण लेकर मक्का और साग-सब्जी की पैदावार लेंगे *बच्चों की शिक्षा पर ध्यान दे रहे मनदेव बघेल* गरावंड कला धान खरीदी केन्द्र में धान विक्रय करने आए तुरेनार के किसान मनदेव बघेल ने कहा कि 54 क्विंटल धान बेच रहे हैं। इस राशि से फसल ऋण अदा करने सहित छोटी बेटी प्रतीक्षा के कोचिंग क्लास का फीस जमा करेंगे और कुछ पैसे घर की जरूरत में खर्च करेंगे। उन्होंने बताया कि नलकूप की मदद से रबी फसल सीजन में मक्का और साग-सब्जी की पैदावार लेंगे, रबी फसल के लिए भी फसल ऋण लिया है। समर्थन मूल्य पर धान की खरीद ने किसानों को नई आर्थिक ताकत दी है। यह पहल न केवल किसानों की आय में वृद्धि कर रही है बल्कि उन्हें आत्मनिर्भर बनने की दिशा में भी प्रेरित कर रही है। ज्ञात हो कि बस्तर जिले में कुल 79 धान खरीदी केंद्रों के माध्यम से किसानों के धान का उपार्जन किया जा रहा है।
: 21 किवंटल प्रति एकड़ मान से हो रही धान खरीदी
Mon, Nov 25, 2024
तेन सिंह ठाकुर की रिपोर्ट कोण्डागांव*किसानों को दी गई मोदी की गारंटी के अनुरूप 21 क्विंटल प्रति एकड़ के मान से ही हो रही है धान खरीदी : मुख्यमंत्री श्री साय* *कोंडागांव, 25 नवंबर 2024/* मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने कहा है कि विधानसभा चुनाव के दौरान हमारे द्वारा दी गई मोदी की गारंटी के अनुरूप इस वर्ष भी किसानों से प्रति एकड़ 21 क्विंटल धान के मान से ही धान खरीदी की जा रही है। किसानों को इस मामले को लेकर किसी प्रकार का भ्रम नहीं होना चाहिए। उन्होंने कहा कि इस संबंध में भ्रम फैलाने वालों के विरूद्ध सख्त कार्यवाही की जाएगी। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने कहा कि धान खरीदी सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। राज्य सरकार पूरी प्रतिबद्धता के साथ प्रदेश के पंजीकृत किसानों से समर्थन मूल्य पर धान खरीदी कर रही है। किसानों के हित को ध्यान में रखते हुए उपार्जन केन्द्रों के माईक्रोएटीएम से 2000 रूपए से लेकर 10 हजार रूपए तक की राशि निकालने की सुविधा भी दी गई है। इससे किसानों को धान बेचने परिवहन के लिए किराये पर लिए गए ट्रैक्टर, मेटाडोर आदि का भाड़ा और हमाली मजदूरी का भुगतान करने में सुविधा होगी। उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के मार्गदर्शन में छत्तीसगढ़ में अनवरत धान खरीदी का सिलसिला जारी है। 14 नवंबर से शुरू हुई धान खरीदी अभियान 31 जनवरी 2025 तक चलेगा। खरीफ वर्ष के लिए 27.68 लाख किसानों द्वारा पंजीयन कराया गया है। इसमें 1.45 लाख नए किसान शामिल है। इस वर्ष 2739 उपार्जन केन्द्रों के माध्यम से 160 लाख मिट्रिक धान खरीदी अनुमानित है।विज्ञापन एवम समाचार के लिए संपर्क करेंप्रधान संपादकतेन सिंह ठाकुर94242875476264046084